प्रमंडलTirhutSaranDarbhangaKosiPurniaBhagalpurMungerPatnaMagadh
विकासDevelopment#Patna#wastetoenergy#bihardevelopment

पटना सहित 13 शहरों के कूड़े से बनेगी बिजली, चकबैर में ढाई साल में तैयार होगा प्लांट

Electricity from Waste: Plant to be Built in Chakbair to Process Garbage from Patna and 12 Other Cities

Dainik Bhaskar12 जुलाई 2026
चकबैर

बिहार की राजधानी पटना और इसके आसपास के 12 अन्य शहरों से निकलने वाले कचरे को अब बिजली में बदला जाएगा। इस महत्वाकांक्षी परियोजना को हैदराबाद की एक कंपनी अंजाम देगी, जो चकबैर में एक अत्याधुनिक कचरा-से-ऊर्जा (Waste-to-Energy) संयंत्र का निर्माण करेगी। यह संयंत्र अगले ढाई वर्षों में बनकर तैयार हो जाएगा। यह पहल न केवल कचरा प्रबंधन की समस्या का समाधान करेगी, बल्कि ऊर्जा उत्पादन में भी महत्वपूर्ण योगदान देगी।

इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य शहरी क्षेत्रों में बढ़ते कचरे के ढेर को कम करना और उससे स्वच्छ ऊर्जा उत्पन्न करना है। पटना जैसे बड़े शहर में हर दिन हजारों टन कचरा निकलता है, जिसका निपटान एक बड़ी चुनौती है। इस प्लांट के बन जाने से इन सभी शहरों के कचरे को एक व्यवस्थित तरीके से संसाधित किया जा सकेगा। इससे पर्यावरण प्रदूषण में कमी आएगी और भूमिगत जल तथा वायु की गुणवत्ता में सुधार होगा।

संयंत्र के निर्माण और संचालन की जिम्मेदारी हैदराबाद की कंपनी को सौंपी गई है, जिसके पास कचरा प्रबंधन और ऊर्जा उत्पादन के क्षेत्र में विशेषज्ञता है। कंपनी ने ढाई साल की समय-सीमा निर्धारित की है, जिसके भीतर संयंत्र को पूरी तरह से चालू कर दिया जाएगा। इस परियोजना से न केवल स्थानीय लोगों को रोजगार के अवसर मिलेंगे, बल्कि यह बिहार को नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में भी एक बड़ा कदम होगा।

चकबैर में स्थित यह प्लांट अत्याधुनिक तकनीक से लैस होगा, जो कचरे को प्रभावी ढंग से बिजली में बदलने में सक्षम होगा। उम्मीद की जा रही है कि यह पहल राज्य के अन्य हिस्सों में भी इसी तरह की परियोजनाओं को प्रेरित करेगी, जिससे बिहार को एक स्वच्छ और हरित राज्य बनाने में मदद मिलेगी। यह परियोजना शहरी विकास और पर्यावरण संरक्षण के बीच संतुलन स्थापित करने का एक उत्कृष्ट उदाहरण है।

Bihar is set to embark on an ambitious waste-to-energy project that will convert garbage from its capital, Patna, and 12 surrounding cities into electricity. A Hyderabad-based company has been tasked with building a state-of-the-art waste-to-energy plant in Chakbair, which is expected to be completed within the next two and a half years.

This initiative aims to address the growing challenge of urban waste management while simultaneously contributing to renewable energy production. Patna alone generates thousands of tons of waste daily, and this plant will provide a systematic solution for processing it from all participating cities. This will significantly reduce environmental pollution, improve air quality, and protect groundwater resources.

The Hyderabad firm, known for its expertise in waste management and energy generation, has committed to a two-and-a-half-year timeline for the plant's full operational readiness. The project is anticipated to create local employment opportunities and mark a significant step towards Bihar's self-reliance in the renewable energy sector. Equipped with advanced technology, the Chakbair plant is expected to inspire similar projects across the state, fostering a cleaner and greener Bihar by balancing urban development with environmental conservation.

hamarazila.in डेस्क · AI-सहायता से तैयार · संपादकीय नीति

स्रोत: Dainik Bhaskar की रिपोर्ट के आधार पर

वॉर्ड WhatsApp ग्रुप में भेजेंShare to Ward WhatsApp Group

इस खबर का आपके इलाके से रिश्ता

पटना ज़िले का आधिकारिक आंकड़ा — नदी स्तर, प्रतिनिधि, ज़रूरी सुविधाएँ

क्षेत्र के विधायक

Ram Kripal Yadav · BJP · DANAPUR क्षेत्र की खबरें →

नज़दीकी ज़रूरी सुविधाएँ

Reserve Bank of India

sbi+axis+boi atm

Bank of Baroda

ज़िले की नई योजना

PM किसान सम्मान निधि (पीएम-किसान) · 2,000 रुपये की किस्त, कुल 6,000 रुपये प्रति वर्ष विवरण →

Patna की और खबरेंMore from Patna

शिक्षा

बीपीएससी 71वीं सीसीई मुख्य परीक्षा का परिणाम जारी, 3,185 अभ्यर्थी सफल

बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) ने 71वीं एकीकृत संयुक्त प्रतियोगी परीक्षा (सीसीई) की मुख्य लिखित परीक्षा के परिणाम घोषित कर दिए हैं। कुल 3,185 उम्मीदवार सफल घोषित किए गए हैं, जो अब साक्षात्कार के लिए पात्र हैं। मुख्य परीक्षा 25, 27, 28 और 29 अप्रैल को पटना के विभिन्न केंद्रों पर आयोजित की गई थी, जिसमें 11,125 उम्मीदवार शामिल हुए थे। वित्तीय प्रशासनिक अधिकारी और समकक्ष पदों के लिए 207 उम्मीदवार उत्तीर्ण हुए हैं। इस भर्ती प्रक्रिया का उद्देश्य बिहार सरकार में 1,298 रिक्त पदों को भरना है। परिणाम बीपीएससी की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध हैं। साक्षात्कार का कार्यक्रम अलग से घोषित किया जाएगा।

Careers360 · 📍 पटना के विभिन्न केंद्र

अपराध

पंडारक में तीन घरों से 22 बकरियां चोरी, ग्रामीणों ने पुलिस गश्त पर उठाए सवाल

पटना के पंडारक स्टेशन रोड स्थित पुरवइया टोला में बीती रात तीन घरों से कुल 22 बकरियां चोरी हो गईं। ग्रामीणों ने इस घटना के बाद पुलिस की रात्रि गश्त पर सवाल उठाए हैं। राम बालक महतो के घर से 12, पवन योगी के घर से 3 और पंकज पासवान के घर से 6 बकरियां चोरी हुई हैं। एक ग्रामीण मनोज महतो ने बताया कि उन्होंने रात में कुछ लोगों को देखा था जिन्होंने खुद को पुलिसकर्मी बताया था। ग्रामीणों ने सीसीटीवी फुटेज की जांच और चोरों की गिरफ्तारी की मांग की है। पंडारक थाना प्रभारी ने आवेदन मिलने और जांच जारी होने की पुष्टि की है।

Dainik Bhaskar · 📍 पुरवइया टोला