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तुर्कहा गांव में पीडब्ल्यूडी सड़क पर जलभराव से जनजीवन अस्त-व्यस्त

Waterlogging on PWD Road in Turkaha Village Disrupts Commute

Dainik Bhaskar15 जुलाई 2026
तुर्कहा गांवपीडब्ल्यूडी सड़क

अररिया जिले के तुर्कहा गांव में पीडब्ल्यूडी (लोक निर्माण विभाग) की मुख्य सड़क पर बारिश के पानी का जमावड़ा स्थानीय लोगों के लिए गंभीर समस्या बन गया है। जलभराव के कारण राहगीरों, स्कूली बच्चों और स्थानीय निवासियों को आवागमन में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। यह समस्या सिर्फ मानसून के दौरान ही नहीं, बल्कि हल्की बारिश के बाद भी उत्पन्न हो जाती है, जिससे सड़क तालाब में तब्दील हो जाती है।

ग्रामीणों के अनुसार, सड़क किनारे उचित जल निकासी व्यवस्था का अभाव इस जलभराव का मुख्य कारण है। नालियों के निर्माण और उनकी नियमित सफाई न होने से बारिश का पानी सड़क पर ही जमा हो जाता है। कई जगहों पर तो पानी घुटनों तक भर जाता है, जिससे पैदल चलना भी मुश्किल हो जाता है। छोटे बच्चों को स्कूल जाने में सबसे अधिक दिक्कत होती है, क्योंकि उन्हें गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ता है, जिससे बीमारियों का खतरा भी बढ़ जाता है।

स्थानीय लोगों ने बताया कि उन्होंने कई बार संबंधित विभाग और स्थानीय प्रशासन से इस समस्या के समाधान के लिए गुहार लगाई है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। उनका कहना है कि यह सड़क कई गांवों को जोड़ती है और इस पर जलभराव होने से पूरा क्षेत्र प्रभावित हो रहा है। वाहन चालकों को भी काफी परेशानी होती है, क्योंकि जलभराव के कारण सड़क पर गड्ढे दिखते नहीं और दुर्घटनाओं का अंदेशा बना रहता है।

ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द से जल्द इस समस्या का स्थायी समाधान करने की मांग की है। उनकी मुख्य मांग है कि सड़क के दोनों ओर पक्की नालियों का निर्माण कराया जाए और उनकी नियमित सफाई सुनिश्चित की जाए, ताकि बारिश का पानी आसानी से निकल सके और लोगों को इस परेशानी से मुक्ति मिल सके।

Residents of Turkaha village in Araria district are facing severe difficulties due to persistent waterlogging on the main PWD (Public Works Department) road. Even after light rainfall, the road transforms into a waterlogged stretch, making daily commute a nightmare for pedestrians, schoolchildren, and local residents. The lack of proper drainage systems along the roadside is identified as the primary cause of this recurring problem.

Villagers report that without adequate and regularly cleaned drains, rainwater accumulates on the road, often reaching knee-deep levels. This poses a significant health risk, especially for children who are forced to wade through dirty water to reach school. The impassable road also disrupts connectivity for several surrounding villages.

Despite repeated appeals to the concerned authorities and local administration, no concrete action has been taken to address the issue. Locals emphasize the need for immediate construction of proper concrete drains on both sides of the road and their regular maintenance to ensure proper water flow. They urge the administration to provide a permanent solution to alleviate the ongoing distress caused by this perennial waterlogging.

स्रोत: Dainik Bhaskar की रिपोर्ट के आधार पर

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